Haryana News: हरियाणा के 22 जिलों में कल 15 मिनट होगा ब्लैकआउट, इमरजेंसी सिस्टम का होगा परीक्षण

Haryana News: हरियाणा सरकार इमरजेंसी तैयारियों और प्रतिक्रिया क्षमताओं को बढ़ाने के लिए कल 29 मई को सभी 22 जिलों में ऑपरेशन शील्ड नामक एक प्रमुख राज्यव्यापी नागरिक सुरक्षा अभ्यास आयोजित करने जा रही है। आज शाम 5 बजे शुरु ...

Haryana News: हरियाणा सरकार इमरजेंसी तैयारियों और प्रतिक्रिया क्षमताओं को बढ़ाने के लिए कल 29 मई को सभी 22 जिलों में ऑपरेशन शील्ड नामक एक प्रमुख राज्यव्यापी नागरिक सुरक्षा अभ्यास आयोजित करने जा रही है।

आज शाम 5 बजे शुरु होने वाला यह व्यापक अभ्यास, वर्तमान राष्ट्रीय सुरक्षा चिंताओं के मद्देनजर हवाई हमलों, ड्रोन हमलों और अन्य युद्धकालीन परिदृश्यों जैसी महत्वपूर्ण घटनाओं का अनुकरण करने के लिए गृह मंत्रालय, भारत सरकार के मार्गदर्शन में आयोजित किया जा रहा है।

bawal viral video police
बावल की वायरल वीडियो की पुलिस ने बताई सच्चाई !

इमरजेंसी सिस्टम का होगा परीक्षण

गृह विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने कहा कि इस अभ्यास का मकसद मौजूदा आपातकालीन तंत्रो का परीक्षण करना, नागरिक प्रशासन, रक्षा बलों और स्थानीय समुदायों के बीच समन्वय में सुधार करना और उन क्षेत्रों की पहचान करना है जिन्हें मजबूत करने की जरूरत है। ताकि किसी भी संकट के दौरान त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित की जा सके।

Solar Rooftop Scheme 2026:
Solar Rooftop Scheme 2026: जानें सब्सिडी, पात्रता और आवेदन प्रक्रिया

ये संगठन होंगे शामिल
इस अभ्यास में नागरिक सुरक्षा वार्डन, NCC, NSS, NYKS और भारत स्काउट्स एंड गाइड्स समेत युवा संगठनों को बड़े पैमाने पर शामिल किया जाएगा ताकि इमरजेंसी को लेकर की जा रही तैयारी के परिदृश्यों में मदद की जा सके।

15 मिनट का ब्लैक आउट होगा
इस ऑपरेशन शील्ड के दौरान महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों के पास रात 8 बजे से रात 8 बजकर 15 मिनट का नियंत्रित ब्लैकआउट देखा जाएगा, जिसमें अस्पताल, फायर स्टेशन और पुलिस स्टेशन जैसी आवश्यक इमरजेंसी सेवाएं शामिल नहीं होंगी।

Admit cards for physical test released | Recruitment rally starts September 2 | Check required documents
Army Agniveer Rally 2026: फिजिकल टेस्ट के एडमिट कार्ड जारी | 2 सितंबर से भर्ती रैली | जानें जरूरी दस्तावेज

हवाई हमलों और मानव रहित वाहनों के झुंड जैसे हवाई खतरोंका जवाब देना,हवाई हमले के सायरन को सक्रिय करना और भारतीय वायु सेना के साथ स्थापित नियंत्रण कक्ष संचार हॉटलाइन का परीक्षण करना शामिल है।

About the Author