Haryana Assembly: रेवाड़ी विधायक लक्ष्मण सिंह यादव ने विधानसभा के मानसून सत्र में क्षेत्र से जुड़े कई अहम मुद्दे उठाए। उन्होंने केंद्र की तर्ज पर क्लास वन और टू में भी पिछड़ा वर्ग (OBC) को 27% आरक्षण लागू करने की मांग की। साथ ही, रेवाड़ी शहर की पेयजल समस्या, कॉलेज भवन निर्माण, अधूरे सड़कों और शिक्षा से जुड़े मामलों पर भी सरकार का ध्यान आकर्षित कराया।
पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षण की मांग
विधायक यादव ने कहा कि वर्तमान में क्लास थ्री और फोर में OBC को 27% आरक्षण मिल रहा है। यदि यही व्यवस्था क्लास वन और टू पर भी लागू की जाए तो पिछड़ा वर्ग को बड़ा लाभ मिलेगा। उन्होंने यह भी बताया कि सरकार ने क्रिमीलेयर की सीमा 6 से बढ़ाकर 8 लाख की है और पंचायत-नगरपालिका चुनावों में OBC को आरक्षण देकर सम्मान दिया है।
रेवाड़ी की पेयजल समस्या
विधायक लक्ष्मण यादव ने शहर की प्रमुख पेयजल की समस्या को उठाते हुए कहा कि शहर के साथ लगते लिसाना गांव की 80 एकड़ भूमि ई-पोर्टल पर अपलोड हो चुकी है। रेवाड़ी शहर की प्यास बुझाने के लिए लिसाना में एक बड़े वाटर टैंक-जलघर का निर्माण जल्द से जल्द कराया जाए।
शिक्षा और स्कूल भवनों की हालत
- राजकीय कॉलेज रेवाड़ी का भवन अभी तक तैयार नहीं हुआ, निर्माण कार्य जल्द शुरू कराया जाए।
- हांसाका गांव का स्कूल लो-लाइन एरिया में होने के कारण बरसात में डूब जाता है, इसे नए भवन में शिफ्ट किया जाए।
- ततारपुर ईस्तमुरार के मॉडल संस्कृति स्कूल के 20 कमरे जर्जर हालत में हैं, मरम्मत का काम जल्द शुरू किया जाए।
- रेवाड़ी कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय का भवन जर्जर है, इसे सेक्टर-4 स्थित भवन में शिफ्ट करने की जरूरत है।
- जाट गांव का स्कूल भवन 5 साल से अधूरा पड़ा है, जिसे जल्द पूरा कराया जाए।
अधूरी सड़कें और बाईपास
उन्होंने कहा कि धारूहेड़ा में बाईपास का निर्माण पेंडिंग है, जिसे सरकार जल्द पूरा कराए। खरखड़ा से भिवाडी की ओर जाने वाले 75 फुटा रोड का आधा निर्माण अधूरा पड़ा, जिसे जल्द पूरा कराया जाए।
जिला पुस्तकालय और सैनिक सदन की मांग
विधायक ने कहा कि 1989 से बने रेवाड़ी जिले में अब तक जिला पुस्तकालय नहीं है। इसलिए यहां पुस्तकालय का निर्माण कराया जाए।
रेवाड़ी सैनिक बहुल क्षेत्र है, फिर भी पूर्व सैनिकों के लिए पर्याप्त सुविधाएं नहीं हैं। इसलिए सैनिक सदन का निर्माण जरूरी है।
कृषि भवन निर्माण का सुझाव
इसके अलावा रेवाड़ी में उप कृषि निदेशक का कार्यालय भी नहीं है। उपमंडल कृषि अधिकारी कार्यालय रेवाड़ी में 4200 वर्ग गज जमीन पर है। साथ ही सहायक भूमि संरक्षण अधिकारी, सहायक कृषि अभियंता व सहायक पौधा संरक्षण अधिकारी कार्यालय अलग-अलग स्थानों पर होने के कारण किसानों को काफी परेशानी होती है। इसलिए उपमंडल कृषि अधिकारी कार्यालय में उपलब्ध जमीन पर कृषि भवन या कृषि सदन नाम से बहुमंजिला कार्यालय परिसर का निर्माण कराया जाए, ताकि सभी कार्यालय एक ही भवन में स्थापित हो सके।








