Rewari Update: हमारे क्षेत्र के युवाओं ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि अगर मन में कुछ कर गुजरने का जज्बा हो, तो कोई भी मुकाम हासिल किया जा सकता है। आज हम बात कर रहे हैं आशियाकी पाँचौर गांव के रहने वाले जतिन कुमार की, जिन्होंने भारतीय सेना में डॉक्टर बनकर न सिर्फ अपने माता-पिता का नाम रोशन किया है, बल्कि पूरे क्षेत्र को गौरवान्वित किया है।
आशियाकी पाँचौर निवासी जतिन कुमार, जो कि सूबेदार सत्यपाल सिंह के पुत्र हैं, भारतीय सेना में बतौर डॉक्टर (लेफ्टिनेंट) सफलतापूर्वक पास आउट हुए हैं। इस बड़ी उपलब्धि के बाद पूरे गांव और क्षेत्र में खुशी की लहर है परिजनों और ग्रामीणों द्वारा लगातार बधाइयों का तांता लगा हुआ है।
आपको बता दें कि जतिन कुमार ने अपने परिवार की गौरवशाली सैन्य परंपरा को आगे बढ़ाया है। उनके पिता, सूबेदार सत्यपाल सिंह, पहले ही भारतीय सेना की सिग्नल कोर में अपनी सेवाएं दे चुके हैं। वहीं उनके दादा, पृथ्वी सिंह यादव, हरियाणा रोडवेज से सेवानिवृत्त हैं। जतिन कुमार ने सेना में अधिकारी बनकर अपने परिवार के इस मान को और ऊंचा किया है।
इस सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए जतिन के दादा पृथ्वी सिंह यादव, पिता सत्यपाल सिंह और माता मुकेश देवी ने इसे परिवार के लिए एक ऐतिहासिक और गौरव का क्षण बताया। परिजनों का कहना है कि बाबा जोखीराम की कृपा, कठिन परिश्रम, अटूट अनुशासन और समर्पण के बल पर ही जतिन ने यह मुकाम हासिल किया है।
ग्रामीणों की प्रतिक्रिया:

.जतिन की इस सफलता पर गांव के गणमान्य और सामाजिक लोगों ने भी शुभकामनाएं दी हैं। ग्रामीणों का कहना है कि जतिन की यह कामयाबी क्षेत्र के अन्य युवाओं के लिए एक बड़ी प्रेरणा स्रोत बनेगी। इससे सीख लेकर क्षेत्र के दूसरे युवा भी कड़ी मेहनत और लगन के बल पर देश सेवा के बड़े पदों तक पहुंच सकते हैं।
जतिन कुमार का संदेश:
अपनी इस शानदार उपलब्धि पर डॉ. लेफ्टिनेंट जतिन कुमार ने अपनी सफलता का पूरा श्रेय अपने माता-पिता के आशीर्वाद और अपने अध्यापकों के सही मार्गदर्शन को दिया है।







