चंडीगढ में चले रहे हरियाणा विधानसभा के शीतकालीन सत्र के दौरान विधायक चिरंजीव राव ने विभिन्न मु्द्दों को लेकर सरकार को जमकर कोसते हुए सिर्फ आश्वासनों की सरकार का नाम दिया। विधायक चिरंजीव राव ने प्रश्रकाल के दौरान सदन में पूछा कि रेवाडी में राजकीय महाविद्यालय की घोषणा 28 मई 2015 को मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने की थी लेकिन आज तक कॉलेज के लिए जगह तक चिंहित नही हुई है तो कब तक कॉलेज बनने की प्रक्रिया पूरी होगी।
विधायक चिरंजीव राव ने सदन में कहा पिछले दिनों यह भी सुनने में आ रहा था कि रेवाडी में राजकीय कॉलेज न बनाकर बावल के कॉलेज में ही मर्ज कर दिया जाएगा। राजकीय कॉलेज फिलहाल मात्र 5 कमरों में चल रहा है। कमरों की कमी के कारण विद्यार्थियों को बाहर बरामदे में पढ़ाई करनी पड़ रही है।
स्कूल के भवन में विद्यार्थियों को लाइब्रेरी, वॉशरूम सहित कई मूलभूत सुविधाओं से जूझना पड़ रहा है। इसको लेकर विद्दार्थियों में भी भारी रोष है, पिछले दिनों विद्दार्थियों ने नंगे पांव चलकर जिला उपायुक्त रेवाडी से मुलाकात कर राजकीय कॉलेज बनाने के लिए मांग पत्र सौंपा था।विधायक चिरंजीव राव ने कहा सरकार की मंशा नही है कॉलेज बनाने की नही तो 7 वर्ष बीत जाने के बाद तो कॉलेज बनकर तैयार हो जाना चाहिए था।
विधायक चिरंजीव राव ने सदन में कहा मौजूदा सरकार ने एक बार फिर आश्वासन दिया है कि रेवाडी के राजकीय कॉलेज को जल्द तैयार किया जाएगा लेकिन इससे पहले भी मैंने सदन में पूछा है और आज एक बार फिर मैं पूछना चाहता हूं कि आखिरकार रेवाडी में बनने वाले मनेठी एम्स का शिलान्यास कब होगा, रेवाडी व धारूहेडा बस स्टैंड का शिलान्यास कब होगा, धारूहेडा में आने वाले दूषित पानी की समस्या का समाधान कब होगा, सैनिक स्कूल का कार्य कब पूरा होगा, रेवाडी शहर में पीने का पानी सूचारू रूप से कब आएगा, रेवाडी की स्ट्रीट लाईटें कब जलेगी, छठ पूजा के लिए विशेष घाट कब बनाए जाएगा, खेडकी दौला कब हटेगा। लेकिन सरकार हर बार सिर्फ आश्वासन देती है आज तक एक भी कार्य पूरा नही हो पाया है।
इसके अलावा चिरंजीव राव ने कहा भारतीय सेना में अहीर रेजीमेंट की मांग को लेकर धरना प्रदर्शन कर रहे लोगों पर पुलिए द्वारा लाठी चार्ज किया गया और उनके खिलाफ मुकदमें भी दर्ज किए गए मेरी सरकार से मांग है उन अधिकारियों पर सख्त कार्रवाही करनी चाहिए। वहीं मानेसर के कासन, कुकडौला, सहरावन गांव की करीब 1810 एकड जमीन को लेकर ग्रामीण धरने पर बैठे हैं। सरकार को उनकी जमीन जबरदस्ती नही छिननी चाहिए। वहीं मेवात के शहीद हसन खान कॉलेज के छात्रों ने राहुल गांधी जी की भारत जोडो यात्रा में शामिल होकर कहा गया था कि उनके कॉलेज में सुविधाओं की कमी है इसलिए सरकार को इस पर संज्ञान लेना चाहिए।