Health Alert: Rewari डीसी अभिषेक मीणा के मार्गदर्शन में स्वास्थ्य विभाग की ओर से किशोरियों को सर्वाइकल कैंसर से सुरक्षित रखने के लिए विशेष एचपीवी (ह्यूमन पैपिलोमा वायरस) टीकाकरण अभियान चलाया जा रहा है। इस अभियान के तहत जिला में 14 से 15 वर्ष की आयु की किशोरियों को टीका लगाया जा रहा है।
सिविल सर्जन डॉ. नरेंद्र दहिया ने जिला के अभिभावकों से आह्वान करते हुए कहा कि वे अपनी बेटियों को इस गंभीर बीमारी से बचाने के लिए उनका टीकाकरण अवश्य करवाएं। उन्होंने बताया कि एचपीवी टीका पूरी तरह सुरक्षित है और यह सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम में लगभग 98 प्रतिशत तक प्रभावी माना जाता है। उन्होंने बताया कि यह वैक्सीन जिला के नागरिक अस्पताल, सभी सीएससी व सभी पीएचसी पर उपलब्ध है।
उन्होंने बताया कि अब तक जिले की 100 से अधिक किशोरियों को यह वैक्सीन लगाई जा चुकी है। यह टीका वर्ष 2006 से उपलब्ध है और इसकी सुरक्षा तथा प्रभावशीलता को लेकर कई अंतरराष्ट्रीय अध्ययन किए जा चुके हैं। स्वास्थ्य विभाग ने टीकाकरण को लेकर समाज में फैली कई गलत फहमियों को दूर करते हुए स्पष्ट किया कि मासिक धर्म के दौरान भी यह टीका सुरक्षित रूप से लगाया जा सकता है और इसका कोई दुष्प्रभाव नहीं होता। इसके अलावा विभाग ने यह भी स्पष्ट किया कि टीके से नपुंसकता या बांझपन होने जैसी बातें पूरी तरह गलत हैं।
भविष्य में गर्भधारण की योजना बनाने वाली महिलाओं के लिए भी यह टीका सुरक्षित है। यह टीका केवल कैंसर से बचाव के लिए कार्य करता है और शरीर के डीएनए पर इसका कोई प्रभाव नहीं डालता।
सिविल सर्जन डॉ नरेंद्र दहिया ने बताया कि एचपीवी एक वायरल संक्रमण है, जो कई बार बिना किसी स्पष्ट लक्षण के भी सर्वाइकल कैंसर का कारण बन सकता है। यह टीका इस संक्रमण से बचाव में प्रभावी सुरक्षा प्रदान करता है। देश में महिलाओं में होने वाले कैंसर के मामलों में दूसरे स्थान पर आता है। विभाग ने बताया कि वर्तमान में उपलब्ध वैक्सीन अत्यंत प्रभावशाली है, इसलिए किसी अन्य वैक्सीन का इंतजार करने की आवश्यकता नहीं है।
उन्होंने सभी अभिभावकों से आह्वान किया है कि वे सरकार की इस पहल का लाभ उठाएं और अपनी 14 से 15 वर्ष की बेटियों का टीकाकरण करवाकर उन्हें कैंसर मुक्त और सुरक्षित भविष्य प्रदान करें।