राष्ट्रीय

पिछले 5 वर्षों से भाई-बहन की जोड़ी दे रही है पर्यावरण बचाने का संदेश..

पिछले 5 वर्षों से भाई-बहन की जोड़ी दे रही है पर्यावरण बचाने का संदेश..

विश्व संरक्षण दिवस पर विलुप्त होने वाली प्रजातियों और वनस्पतियों की रक्षा करने का दिया सन्देश;– डीसी यशेन्द्र सिंह। 

रेवाड़ी 28 जुलाई। बढते प्रदूषण से हमारा  पर्यावरण दूषित होता जा  रहा है जिसे बचाने के लिए अधिक से अधिक पेड लगाने होगे ताकि प्रदूषण कि समस्या से छुटकारा मिल सके। उपायुक्त यशेन्द्र सिंह ने यह उद्दगार आज विश्व संरक्षण दिवस पर  पर्यावरण संरक्षण के सन्देश को आगे बढाने का बीडा उठा रही रेवाड़ी  निवासी छात्रा नंदिनी व हर्ष की जोड़ी द्वारा उपायुक्त यशेन्द्र सिंह के साथ  सेल्फी विद क्लॉथ बैग व पौधा भेंट करने के अवसर पर व्यक्त किए।

उन्होंने कहा कि  पिछले 5 वर्षों से यह जोडी  लोगों को पॉलीथिन का प्रयोग ना करके कपड़े से बने थैलों का इस्तेमाल करने के लिए जागरूक कर रहे हैं। इस अभियान के तहत दोनों छात्रों द्वारा पॉलिथीन हटाओ जीवन बचाओ अभियान की मुहिम चलाई हुई है। पॉलिथीन हटाओ जीवन बचाओ अभियान के तहत इस भाई-बहन की जोड़ी ने अब तक 20,000 से ज्यादा कपड़े के थैले बनाकर लोगों को निशुल्क दिए हैं। जागरूक छात्रा नंदनी यादव ने कहा कि आज 28 जुलाई को विश्व संरक्षण दिवस है इस अवसर पर प्रकृति को बचाने के लिए मनुष्य को अपनी भूमिका निभानी चाहिए। विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस हर साल अंतरराष्ट्रीय स्तर पर 28 जुलाई को मनाया जाता है।

इस दिन विलुप्त होने वाली प्रजातियों और वनस्पतियों की रक्षा करने का संकल्प लिया जाता है। हम अक्सर ये देखते हैं कि प्रकृति के संरक्षण के लिए कई तरह के अभियान भी चलाए जाते हैं, जैसे कहीं पौधारोपण किया जाता है तो कहीं पानी बचाने जैसे उपाय किए जाते हैं। लेकिन ये सब व्यक्तिगत रूप से काफी कम ही देखने को मिलता है। जब हम प्रकृति से इतना कुछ लेते हैं तो हमारा भी फर्ज बनता है कि हम उसके संरक्षण के लिए कुछ करें। आप भी कई तरीकों से व्यक्तिगत स्तर पर प्रकृति के प्रति बहुत कुछ कर सकते हैं। आज विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस पर रेवाड़ी शहर में जागरूक छात्रा नंदिनी व हर्ष द्वारा लोगों को एक पौधा और एक कपड़े से बना थैला बांटकर विश्व प्रकृति संरक्षण दिवस पर अपना सहयोग करेंगे। भाई-बहन की इस जोड़ी ने अब तक पर्यावरण संरक्षण के लिए पॉलीथिन हटाओ जीवन बचाओ, सेल्फी विद क्लॉथ बैग व पौधारोपण जैसे अभियान चलाकर लोगों को पर्यावरण के प्रति जागरूक किया जा रहा है।

Back to top button